विधि। यह एक छोटी शोध परियोजना है, अतः तीन चरणों में काम कीजिए: सामग्री जुटाइए, व्यवस्थित कीजिए, फिर लिखिए।
- सामग्री जुटाइए। विश्वसनीय स्रोत लीजिए — सुरक्षित श्रवण पर WHO की रिपोर्ट, ICMR और AIIMS के अध्ययन, तथा सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय की वेबसाइट। हर तथ्य के साथ उसका स्रोत और वर्ष अवश्य लिखिए।
- श्रवण परीक्षण समझिए। श्रव्यतामापी (audiometer) ज्ञात आवृत्ति के स्वर धीरे-धीरे बढ़ती प्रबलता पर बजाता है; जिस न्यूनतम स्तर पर श्रोता उसे सुन पाता है वही उस आवृत्ति पर उसकी श्रवण देहली है। देहली बनाम आवृत्ति का आलेख श्रव्यता आलेख (audiogram) कहलाता है।
- लिखिए — 400 – 600 शब्दों का लेख: ईयरफोन कान पर क्या प्रभाव डालते हैं, अध्ययनों में क्या मिला, ह्रास की श्रेणियाँ क्या हैं, और कौन-सी सहायता उपलब्ध है।
अच्छे लेख में ये बातें अवश्य होनी चाहिए
| श्रवण ह्रास की श्रेणी | श्रवण देहली (बेहतर कान) | दैनिक जीवन में अर्थ |
|---|---|---|
| सामान्य | 20 dB से कम | कोई कठिनाई नहीं |
| निम्न (mild) | लगभग 20 – 35 dB | धीमी वाणी या शोरगुल में बातचीत समझने में कठिनाई |
| मध्यम (moderate) | लगभग 35 – 50 dB | सामान्य बातचीत में कठिनाई; श्रवण यंत्र से प्रायः लाभ होता है |
| उच्च (severe) | लगभग 65 – 80 dB | सामान्य वाणी सुनाई नहीं देती; शक्तिशाली यंत्र या प्रतिरोपण चाहिए |
नमूना उत्तर (लेख का आरंभ):