प्र1.
क्या जल प्रत्येक स्थिति में एक विलायक के रूप में कार्य करेगा?
उत्तर
नहीं। जल तभी कार्य करता है जब मिश्रण के घटक वास्तव में जल में घुलते हों। अनेक स्थितियों में कोई अन्य विलायक अथवा विलायकों का मिश्रण लेना पड़ता है।
| पृथक किया जाने वाला मिश्रण | उपयुक्त गतिशील प्रावस्था | कारण |
|---|---|---|
| काली अथवा रंगीन स्केच-पेन की स्याही | जल अथवा 2 % m/v लवण विलयन | रंजक जल में घुलनशील हैं |
| पालक की पत्तियों के हरे वर्णक | ऐल्कोहॉल अथवा विलायकों का मिश्रण | क्लोरोफिल जल में अघुलनशील है परंतु ऐल्कोहॉल में घुल जाता है |
| पुष्प की पंखुड़ियों के रंगीन वर्णक | ऐल्कोहॉल अथवा जल-ऐल्कोहॉल मिश्रण | पंखुड़ी में कौन-सा वर्णक है, इस पर निर्भर |
विलायक का चुनाव क्यों महत्वपूर्ण है: कोई घटक कागज पर तभी चल सकता है जब गतिशील प्रावस्था उसे घोलकर साथ ले जा सके। यदि विलायक किसी घटक को घोल ही न पाए तो वह घटक आरंभ-रेखा पर ही रह जाएगा और कुछ पृथक नहीं होगा। साथ ही विलायक को सभी घटकों को समान रूप से भी नहीं घोलना चाहिए, अन्यथा सब एक साथ दौड़ेंगे और एक ही धब्बा बने रहेंगे। अच्छा विलायक वही है जो प्रत्येक घटक के साथ कुछ भिन्न व्यवहार करे।